समसामयिकी नवम्बर : CURRENT AFFAIRS NOVEMBER : 24-30

Bookmark and Share

Click on the Link to Download समसामयिकी नवम्बर 24-30 PDF

ई-पशु हाट पोर्टल लॉन्च

ई-पशु हाट पोर्टल देशी नस्लों के लिए प्रजनकों और किसानों को जोड़ने के लिए स्थापित किया गया है। इस पोर्टल के द्वारा किसानो को देशी नस्लों की नस्ल वार सूचना प्राप्त होगी। इससे किसान एवं प्रजनक देशी नस्ल की गाय एवं भैंसो को खरीद एवं बेच सकेंगे। देश मे उपलब्ध जर्मप्लाज्म की सारी सूचना पोर्टल पर अपलोड कर दी गयी है।
ई-पशु हाट का उद्देश्यद और लक्ष्य:
• पशुधन जर्मप्लाज्म के लिए ई-व्यापार बाजार पोर्टल।
• किसानों को प्रजनकों के साथ जोड़ेगा।
• जर्मप्लाज्म की उपलब्धता के बारे में वास्तविक समय में प्रमाणिक सूचना।
पोर्टल का ब्यौरा:
• किसानों को उन सभी स्रोतों के बारे में जानकारी देगा जहां हिमित वीर्य, भ्रूण तथा जीवित पशु, पशुधन प्रमाणन के साथ उपलब्ध है।
• किसानों को देश के 56 वीर्य केंद्रों (20 राज्यों), 4 सीएचआरएस (4 राज्य तथा 7 सीसीबीएफ (6 राज्य ) के साथ जोड़ेगा तथा “किसान से किसान तक” तथा “किसान से संस्थाकन तक” संपर्क स्थासपित करेगा।
पृष्ठभूमि
भारत में विश्व की सबसे बड़ी बोवाईन आबादी है। यहां 199 मिलियन गोपशु हैं जो विश्वि की गोपशु आबादी का 14% है। यहां 105 मिलियन भैंसे हैं जो विश्व की भैंस आबादी का 53% है। 79% गोपशु देशी है और 21% विदेशी तथा वर्णसंकरित नस्लों के हैं। गोपशु की 37 नस्लें तथा भैंसों की 13 नस्लें
राष्ट्रीय पशु आनुवंशिक स्रोत ब्यूरो (एनबीएजीआर) से मान्यता प्राप्त है।

चेरनोबिल को आने वाली पीढ़ियों तक के लिए सुरक्षित रखने के लिए विशाल गुंबद बनाया गया

यूक्रेन में चेरनोबिल परमाणु ऊर्जा संयंत्र के बर्बाद हो चुके चौथे रिएक्टर के ऊपर दुनिया के सबसे बड़े धातु जंगम संरचना (मेटल मूवेबल स्ट्रक्चर) का अनावरण किया गया है, जोकि सभी यूरोपियन देशों की सुरक्षा का ध्यान रखेगा। यह विशाल मेहराब सोवियत संघ द्वारा चेरनोबिल दुर्घटना के बाद जल्दबाजी में निर्माण किये गए एक मौजूदा ढहते गुंबद पर रखा गया है।
पृष्ठभूमि
वर्ष 2016 में चेरनोबिल परमाणु आपदा की 30 वीं वर्षगांठ है, इस आपदा को दुनिया की सबसे बड़ी परमाणु दुर्घटना के रूप में करार दिया है। इसका निर्माण कार्य अप्रैल 2014 में शुरू किया गया था इसके बाद ही यूक्रेन की सरकार ने रेडियोधर्मी धूल से अपने नागरिकों की रक्षा के लिए, चेरनोबिल के ऊपर एक आर्च (गुम्बद) का निर्माण करने का ऐलान किया था।इसके वर्ष 2017 तक पूरा हो जाने की योजना बनाई गयी थी।
चेरनोबिल आपदा:
चेरनोबिल परमाणु दुर्घटना 26 अप्रैल 1986 को युक्रेन के चेरनोबिल में हुई अब तक की सबसे भयानक परमाणु दुर्घटना है। यह आपदा शनिवार, 26 अप्रैल 1986 को एक प्रणाली के परीक्षण के दौरान चेरनोबिल परमाणु संयंत्र, के चौथे हिस्से से शुरु हुई। वहाँ अचानक विद्युत उत्पादन में वृद्धि हो गई थी और जब उसे आपात्कालीन स्थिति के कारण बंद करने की कोशिश की गई तो उल्टे विद्युत के उत्पादन में अत्यधिक वृद्धि हो गई।
इससे एक संयंत्र टूट गया और अनियंत्रित नाभकीय विस्फोट श्रृंखला शुरु हो गई। ये घटनाएं संयंत्र के ग्रेफाइट में आग लगने का कारण हो सकती हैं। तेज हवा और आग के साथ रेडियोधर्मी पदार्थ तेजी से आस-पास के क्षेत्रों में फैल गए। इसमें भारी संख्या में जान माल की क्षती हुई और लगभग 350,400 लोग विस्थापित कर आलग स्थानों पर बसाए गए। इस दुर्घटना से सर्वाधिक प्रभावित बेलारूस हुआ।
भारत में परमाणु आपदाएं:
एक कालानुक्रमिक क्रम में प्रमुख परमाणु ऊर्जा दुर्घटनाओं की सूची इस प्रकार है:

  • अक्टूबर 2002 में, कलपक्कम में एक फास्ट ब्रीडर रिएक्टर के प्यूरिफिकेशन केबिन में लीकेज हुई थी। इसके परिणामस्वरूप 30 मिलियन अमरीकी डालर का नुकसान हुआ था।
  • फरवरी 1995 में, रेडियोधर्मी हीलियम और भारी पानी (हैवी वाटर) राजस्थान परमाणु विद्युत स्टेशन से राणा प्रताप सागर नदी में लीक कर गए थे।
  • मार्च 1993 में, नरोरा परमाणु पावर स्टेशन में इसकी भाप टरबाइन ब्लेड को आग का सामना करना पड़ा था।
  • राष्ट्रीय सॉफ्टवेयर नीति

  • केंद्र सरकार ने देश में पहली बार राष्ट्रीय सॉफ्टवेयर नीति का मसौदा जारी किया है। इसका लक्ष्य वैश्विक बाजार में भारतीय सॉफ्टवेयर उत्पादों की 10 गुना हिस्सेदारी बढ़ाना है जो करीब 148 अरब डॉलर मूल्य की होगी और इससे 2025 तक 35 लाख रोजगारों का निर्माण होगा।
  • मसौदे के अनुसार यह नीति ‘2025 तक वैश्विक सॉफ्टवेयर उत्पाद बाजार में हिस्सेदारी को 10 गुना बढ़ाने का प्रयास करेगी’ और इसके लिए सॉफ्टवेयर उत्पादों की स्थानीय घरेलू या अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंच को आसान बनाया जाएगा।
  • इससे ‘2025 तक प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष तौर पर 35 लाख नौकरियों का सृजन’ होगा। वर्तमान में वैश्विक सॉफ्टवेयर उत्पाद उद्योग के 411 अरब डॉलर के होने का अनुमान है और 2025 तक इसके 1000 अरब डॉलर तक पहुंच जाने की उम्मीद है।
  • मसौदे के अनुसार, ‘‘हालांकि भारत का सॉफ्टवेयर उत्पाद उद्योग अभी शुरूआती दौर में है। भारत में इस उद्योग की कुल आय 6.1 अरब डॉलर है जिसमें से करीब दो अरब डॉलर का निर्यात हो जाता है।’’ अनुमान के मुताबिक वैश्विक सॉफ्टवेयर उत्पाद उद्योग में भारत की हिस्सेदारी 1.48 प्रतिशत है और सरकार लक्ष्य इसे 10 गुना बढ़ाकर 2025 तक 148 अरब डॉलर करने का है।
  • नासकॉम के अनुसार भारत में इस उद्योग का मौजूदा आकार करीब 143 अरब डॉलर का है और 2025 तक इसके बढ़कर 350 अरब डॉलर हो जाने की उम्मीद है।
  • नयी नीति की आवश्यकता क्यों?

  • सरकार का लक्ष्य है कि वैश्विक स्तर पर सॉफ्टवेयर सेवा को पहचान मिले। कुछ सालों से भारत दूसरे देशों के मुकाबले तेजी से इस क्षेत्र में अपनी धाक जमा भी रहा है। भारत की युवा प्रतिभाएं तेजी से सॉफ्टवेयर के क्षेत्र में काम कर रही हैं ऐसे में सरकार को ऐसी नीति बनाना जरूरी है जिससे कि इसका लाभ आने वाली पीढ़ी को मिले।
  • विकसित देशों से लेकर छोटे देशों को भारत सॉफ्टवेयर निर्यात कर रहा है। भारतीय सॉफ्टवेयर बाजार की सालाना वृद्धि पर अभी 15 फीसदी है। वह इस बाजार में सिरमौर बनना चाहता है।
  • पूर्व में बनी नीतियां:

  • सूचना प्रौद्योगिकी की क्षमता विकास के उत्प्रेरक के रूप में पहचान करते हुए और सामरिक विकास के लिए महत्वपूर्ण क्षेत्र के रूप में ‘सॉफ्टवेयर निर्यात, सॉफ्टवेयर विकास और प्रशिक्षण’ पर ध्यान केन्द्रित करते हुए भारत सरकार द्वारा 1986 में अपनाई गई नीति के फलस्वरूप समर्पित सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्कों की स्थापना करने का विचार उत्पन्न हुआ था।
  • सरकार द्वारा सॉफ्टवेयर उद्योग के विकास में आने वाली बाधाओं के कारणों की भी पहचान करने के परिणामस्वरूप ‘सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क’ (एसटीपी) स्कीम तैयार की गई थी ताकि देश से सॉफ्टवेयर के निर्यात को प्रोत्साहित किया जा सके और उसमें वृद्धि की जा सके।
  • कराधान कानून (द्वितीय संशोधन) विधेयक, 2016:

    केंद्रीय वित्तमंत्री ने अघोषित आय या निवेश या बैंकों में जमा नकदी पर 60 फीसदी कर लगाने को लेकर आयकर नियमों में संशोधन के लिए 28 नवम्बर 2016 को लोकसभा में एक विधेयक पेश किया। कराधान कानून (द्वितीय संशोधन) विधेयक, 2016 के तहत घोषणाकर्ता को 60 फीसदी कर चुकाने के बाद कर का 25 फीसदी अतिरिक्त सरचार्ज (आय का 15 फीसदी) चुकाना होगा, जिसका अर्थ है कि कुल लगभग 75 फीसदी कर चुकाना होगा।
    संशोधित कानून कर मूल्यांकन अधिकारी को कुल कर का 10 फीसदी तक अधिक जुर्माना लगाने की शक्ति प्रदान करता है, इस प्रकार अघोषित आय पर कुल कर 82.5 फीसदी (75 फीसदी तथा इस राशि का 10 फीसदी) तक पहुंच जाता है। इस राशि पर किसी तरह की छूट नहीं दी जाएगी।

    दरअसल, सरकार ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना (पीएमजीकेवाई) 2016 के नाम से एक आय प्रकटीकरण योजना पेश की है, जो लोगों को अपने खातों में पैसे जमा करने की मंजूरी प्रदान करेगा, जिसके लिए उन्हें एक अप्रैल, 2017 तक कुल राशि का 50 फीसदी- 30 फीसदी कर, 10 फीसदी जुर्माना तथा कर राशि का 33 फीसदी, जो कि 10 फीसदी होगा, गरीब कल्याण सेस के रूप में चुकाना होगा।

    मुख्य बिंदु

  • इस योजना की अवधि की घोषणा बाद में होगी। घोषणाकर्ता को किसी भी कानून से सुरक्षा मिलेगी। वैसे लोग जिनपर मादक पदार्थ रोधी अधिनियम, प्रीवेंशन ऑफ लॉड्रिंग एक्ट या बेनामी संपत्ति रखने, तथा तस्करी के लिए मुकदमा चला हो, वैसे लोग अपनी अघोषित आय के लिए इस योजना का लाभ नहीं उठा सकेंगे।
  • इस योजना के तहत, 25 फीसदी राशि चार वर्षो तक प्रधानमंत्री गरीब कल्याण जमा योजना में लॉक रहेगी। वित्त मंत्रालय द्वारा जारी एक बयान के मुताबिक, “यह राशि सिंचाई, हाउसिंग, शौचालय, अवसंरचना, प्राथमिक शिक्षा, प्राथमिक स्वास्थ्य तथ आजीविका के लिए प्रस्तावित है।”
  • इस नई आय घोषणा योजना (पीएमजीकेवाई) के तहत घोषित कुल राशि घोषणाकर्ता की कुल आय में नहीं शामिल की जाएगी।
  • आयकर की तलाशी के दौरान पाई गई अघोषित आय पर आयकर विभाग नियमित कर के अलावा, 30 फीसदी जुर्माना भी लगाएगा। यह तभी होगा, जब तलाशी लेने वाला अघोषित आय मिलना स्वीकार करता है और यह साबित करता है कि किन परिस्थितियों में अघोषित आय पाई गई। अगर जांचकर्ता ऐसा नहीं करता है, तो कर के अलावा, जुर्माना बढ़ाकर 60 फीसदी कर दिया जाएगा।
  • उद्देश्य

    ऐसा करने से सरकार को गरीबों के कल्याण से संबंधित कार्य करने के लिए अतिरिक्त राजस्व प्राप्त होगा, लेकिन साथ ही अघोषित आय वैध तरीके से औपचारिक अर्थव्यवस्था का हो जाएगा।

    पारादीप बंदरगाह पर आधुनिक आरएफआईडी अभिगमन नियंत्रण प्रणाली शुरू

    पारादीप बंदरगाह ने अपने प्रतिबंधित क्षेत्र में वाहनों और लोगों के प्रवेश और निकासी पर नियंत्रण के लिए आधुनिक आरएफआईडी अभिगमन नियंत्रण प्रणाली शुरू कर सुरक्षा की‍ दिशा में एक और कदम बढ़ाया है। शिपिंग मंत्रालय के निर्देश के अनुसार इस प्रणाली का कार्यान्वशयन किया गया है। सभी प्रमुख बंदरगाहों में से एक पारादीप पहला बंदरगाह है, जिसने सफलतापूर्वक आरएफआईडी अभिगमन नियंत्रण प्रणाली शुरू की है।
    लाभ

  • आरएफआईडी प्रणाली के कार्यान्वायन से बंदरगाह के द्वार पर आसानी से आवाजाही के कारण पारादीप बंदरगाह की उत्पादकता में काफी सुधार हुआ है।
  • बेहतर समुद्री सुरक्षा उपायों के साथ ही यह नई आरएफआईडी प्रणाली लगाई गई है। इससे द्वारों पर लोगों और वाहनों की आवाजाही तेजी तथा प्रभावी तरीके से होने से भीड़भाड़ में कमी आई है और सरल ऑनलाइन भुगतान प्रक्रिया, विभिन्नफ प्रकार के वाहनों की संख्यार के बारे में वास्तेविक जानकारी की उपलब्धलता, उपकरण, प्रतिबंधित क्षेत्र में बंदरगाह का उपयोग करने वाले व्यक्ति, व्याक्ति विशेष के प्रवेश और निकासी के बारे में विस्तृ्त जानकारी, सभी गेट संख्या पर वाहनों की जानकारी से भी बंदरगाह पर कार्य करने में सुगमता आई है।
  • नई आरएफआईडी प्रणाली बंदरगाह का उपयोग करने वालों के लिए फायदेमंद है, क्योंकि वे निश्चित अवधि में अपने कारगो की आवाजाही से संबंधित आंकड़े पा सकते हैं। इसके अलावा इस प्रणाली में वाहनों के चालकों और हैल्प रों के विवरण भी उपलब्धज हैं और आवश्य़कता पड़ने पर जांच पड़ताल के लिए यहां से यह जानकारी प्राप्त की जा सकती है। बंदरगाह का उपयोग करने वालों के लिए एक और एचईपी प्रविष्टि खंड की अतिरिक्त सुविधा प्रदान की गई है।
  • देश का पहला डिजिटल गांव

  • साबरकांठा जिले के अकोदरा गांव ने देश के कैशलेस इकॉनामी पर चलने वाला पहला गांव बन गया है। गांव के लोग अपनी जरूरत की वस्तुओं की खरीदारी का खर्च मोबाइल बैंकिंग, डेबिट कार्ड और इंटरनेट बैंकिंग का उपयोग करते हुए कर रहें हैं।
  • आईसीआईसीआई बैंक की अकोदरा ब्रांच ने इस बात को संभव बनाया है। अकोदरा आईसीआईसीआई बैंक का ड्रीम प्रोजेक्टर है और गांव को डिजिटल और कैशलेश सिस्टम लागू करने में बैंक ने बड़ी भूमिका निभाई है।
  • भारतीय रिजर्व बैंक का निर्देश : अतिरिक्त तरलता के प्रबंधन के लिए वृद्धिशील सीआरआर

  • उच्च मूल्यों के नोटों के विमुद्रीकरण के बाद बैंकिंग प्रणाली में तरलता में वृद्धि को अवशोषित करने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक ने 26 नवम्बर 2016 से एक पखवाड़े के लिए 100 फीसदी वृद्धिशील नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) बनाए रखने की शुरुआत की है।
  • सीआरआर जमा राशियों का हिस्सा है, जिसे बैंकों को आरबीआई में रखना आवश्यक है। वर्तमान में यह 4 फीसदी है। आरबीआई के दिशानिर्देशों के अनुसार 16 सितंबर और 11 नवंबर के बीच एनडीटीएल (निवल मांग और मियादी देयताओं) में वृद्धि पर अनुसूचित बैंकों को 100 फीसदी वृद्धिशील सीआरआर को बनाए रखना चाहिए और यह 26 नवंबर 2016 से शुरू होकर एक पखवाड़े तक प्रभावी रहेगा।
  • आरबीआई ने कहा कि व्यवस्था में अतिरिक्त तरलता के निकास के लिए आरबीआई की तरलता प्रबंधन ढांचे के भीतर वृद्धिशील सीआरआर एक अस्थायी उपाय के तौर पर लाया गया है | इस फैसले की समीक्षा 9 दिसंबर या इससे पहले की जाएगी। हालांकि नियमित सीआरआर 4 प्रतिशत के दर पर बने रहेंगे। साथ ही यह भी कहा गया कि 500 रुपये और 1000 रुपये मूल्यों के बैंक नोटों की कानूनी निविदा स्थिति की वापसी की शुरुआत 9 नवंबर 2016 से शुरू हुई।
  • डब्ल्यूएचओ ने भारत और यूरोपियन यूनियन के बीच हुए दवा विवाद को हल किया

    डब्ल्यूएचओ (WHO) ने निम्न गुणवत्ता की दवाओं का वर्णन करने के लिए ‘नकली (कॉउन्टरफिट) शब्द का इस्तेमाल बंद कर ‘फ़ाल्सिफाइड’ शब्द को बरकरार रखा है।
    पृष्ठभूमि

    इन शब्दों का इस्तेमाल विनिमयशीलता की दृष्टि से अन्य देशों को निर्यात की गयीं भारतीय जेनेरिक दवाओं को जब्त करने के लिए किया जा रहा था।
    विवाद क्या था ?
    अभी तक भारतीय दवाओं को बौद्धिक संपदा के उल्लंघन के रूप में दिखाया जा रहा था। बुनियादी एंटीबायोटिक दवाओं और विरोधी रेट्रोवायरल सहित अन्य जेनेरिक दवाओं के लगभग 20 कंटेनर, 2008 और 2009 के बीच हिरासत में लिए गए थे।

    जनरल बाजवा नए पाक सेना प्रमुख

  • जनरल क़मर जावेद बाजवा को पाकिस्तान का नया सेना प्रमुख बनाया गया है। वो राहिल शरीफ़ की जगह लेंगे। लेफ्टिनेंट जनरल क़मर जावेद बाजवा सेना मुख्यालय में इंस्पेक्टर जनरल, ट्रेनिंग एंड इवैलुएशन के पद पर तैनात रहे हैं।
  • इससे पहले साल 2014 में रावलपिंडी में हुए एक धरने के दौरान वे कोर कमांडर की भूमिका निभा चुके हैं। लेफ्टिनेंट जनरल क़मर जावेद बाजवा ने हाल ही में उस प्रशिक्षण अभ्यास की ख़ुद निगरानी की है जो नियंत्रण रेखा पर भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव की वजह बना था।
  • इनके अलावा प्रधान मंत्री नवाज़ शरीफ ने लेफ्टिनेंट जनरल ज़ुबैर हयात को चेयरमैन जॉइंट चीफ ऑफ़ स्टाफ कमेटी (CJCSC) के रूप में नियुक्त किया.
  • राजकोषीय अपवंचन रोकने और दोहरे कराधान से बचने के लिए भारत और न्यूजीलैंड के बीच कन्वेंशन का तीसरा प्रोटोकॉल

    मंत्रिमंडल ने आय पर करों के संबंध में राजकोषीय अपवंचन रोकने और दोहरे कराधान से बचने के लिए भारत और न्यूजीलैंड के बीच कन्वेंशन के तीसरे प्रोटोकॉल में प्रवेश और दृढ़ीकरण को मंजूरी दे दी है।

    मुख्य बिंदु

  • यह प्रोटोकॉल कर उद्देश्यों के लिए भारत और न्यूजीलैंड के बीच सूचना के आदान प्रदान के प्रवाह को तेज करेगा जिससे कर चोरी और कर परिहार पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी। इसके अलावा यह दोनों देशों के बीच कर राजस्व दावों के संग्रह में सहायता सुनिश्चित करेगा।
  • इस प्रोटोकॉल में मौजूदा कन्वेंशन के ‘सूचना के आदान-प्रदान’ वाले अनुच्छेद 26 को एक नई धारा से बदल दिया गया है जो कि सूचना के आदान प्रदान के अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप है।
  • इस प्रोटोकॉल में ‘करों की वसूली पर सहायता’ का एक नया अनुच्छेद जोड़ दिया गया है।
  • इस प्रोटोकॉल के प्रभाव में आने के लिए दोनों देशों के जो भी संबंधित कानून हैं, उनसे जुड़ी प्रक्रियाएं पूरी होने की अधिसूचना जारी होने की तारीख से ये प्रभावी हो जाएगा।
  • पृष्ठभूमि:

    आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 90 के तहत केंद्र सरकार अधिकृत है कि वह आयकर अधिनियम 1961 के अंतर्गत आने वाले आयकर की चोरी या अपवंचन को रोकने के उद्देश्य से किसी विदेशी मुल्क या निर्दिष्ट क्षेत्र के साथ समझौते में प्रवेश कर सकती है जिसमें वह सूचना का आदान-प्रदान और आयकर की रिकवरी कर सकती है। यह कन्वेंशन 3 दिसम्बर, 1986 को अस्तित्व में आया। इस कन्वेंशन में 1997 में पहले प्रोटोकॉल और 2000 में दूसरे प्रोटोकॉल के माध्यम से संशोधन किया गया था। बाद में, भारत ने कर की वसूली में सहयोग की एक धारा जोड़ने और सूचना के आदान-प्रदान को अंतरराष्ट्रीय मानक के अनुरूप करने के लिए एक तीसरे प्रोटोकॉल के माध्यम से इस कन्वेंशन में और संशोधन का प्रस्ताव रखा। इस अनुसार न्यूजीलैंड के साथ वार्ता शुरू की गई और तीसरे प्रोटोकॉल की दोनों धाराओं पर एक सहमति में प्रवेश किया गया।

    नए मर्चेंट शिपिंग बिल 2016

  • केंद्रीय मंत्रिमंडल ने संसद में मर्चेंट शिपिंग विधेयक, 2016 रखने को मंजूरी दे दी है।
  • मर्चेंट शिपिंग अधिनियम, 2016 दरअसल मर्चेंट शिपिंग अधिनियम, 1958 का सुधरा हुआ नया रूप है। इस विधेयक में मर्चेंट शिपिंग अधिनियम, 1958 के साथ ही कोस्टिंग वेसल्स अधिनियम, 1838 का निरसन भी मुहैया किया गया है।
  • इस विधेयक के प्रावधान भारत में मर्चेंट शिपिंग के संचालन वाले कानून को बहुत सरल कर देंगे। इसके अलावा,कुछ बेमानी प्रावधानों को हटा दिया जाएगा और शेष प्रावधानों को समेकित और सरल बनाया जाएगा जिससे व्यापार, पारदर्शिता और सेवाओं के प्रभावी वितरण को बढ़ावा मिलेगा
  • 78 योजनाएं डीबीटी प्रणाली के तहत कवर: सरकार

  • सरकार ने बताया कि 17 मंत्रालय और विभाग जनधन और मनरेगा समेत 78 योजनाएं डायरेक्ट बेनीफिट ट्रांसफर (डीबीटी) सिस्टम के तहत लागू कर रहे हैं।
  • प्रत्यक्ष लाभ अंतरण या डीबीटी भारत सरकार का एक नया तंत्र है जिसके माध्यम से लोगों बैंक खातों में सीधे सब्सिडी हस्तांतरण की जाती है। यह आशा की जा रही है कि बैंक खातों में सब्सिडी जमा करने से लीकेज, देरी, आदि कमियां खत्म हो जाएँगी।
  • पृष्ठभूमि

  • प्रत्यरक्ष लाभ अंतरण योजना (डीबीटी) का उल्लेंख पहली बार तत्कालीन वित्तं मंत्री प्रणब मुखर्जी ने वर्ष 2011-12 में अपने केन्द्री य बजट भाषण में किया था। उस समय उन्होंने कहा था कि सरकार केरोसीन, एलपीजी और उर्वरकों के लिए नकद सब्सिडी का सीधे भुगतान करना चाहती है।
  • इन वस्तु्ओं के लिए सीधे नकद भुगतान करने के तौर-तरीकों पर विचार करने के लिए नंदन-नीलेकणी की अध्यवक्षता में एक कार्यदल बनाया गया, जिसने फरवरी 2012 में अपनी रिपोर्ट सौंप दी।
  • सितंबर तक सरकारी बैंकों का सकल एनपीए 80,000 करोड़ रुपए बढ़ा:

  • सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों की सकल गैर.निष्पादक आस्तियों एनपीए में ने सितंबर 2016 को समाप्त तीन महीनों में करीब 80,000 करोड़ रुपए की बढ़ोतरी हुई। इन बैंकों की एनपीए 30 सितंबर को 6,30,323 करोड़ रुपए रही। यह जून के अंत में 5,50,346 करोड़ रुपए थी। इस तरह एनपीए में तिमाही के दौरान 79,977 करोड़ रुपए की वृद्धि दिखती है।
  • गैर-निष्पादित परिसंपत्तियों के बारे में: बैंक आमतौर पर किसी भी व्यावसायिक ऋण को गैर-निष्पादित परिसंपत्तियों में वर्गीकृत करते हैं। जो साधारणतया 90 दिनों से अधिक दिनों के लिए अपेक्षित हैं। आम तौर पर, गैर-निष्पादित परिसंपत्तियों वो हैं जो किसी भी रूप में आय उत्पादन नहीं कर सकती हैं।
  • जीएसटी मॉडल लॉ का संशोधित ड्राफ्ट जारी

  • सरकार ने जीएसटी मॉडल लॉ का संशोधित ड्राफ्ट जारी कर दिया है। सरकार ने दावा किया है कि इस ड्राफ्ट में इंडस्ट्री की चिंताओं का ध्यान रखा गया है। जीएसटी काउंसिल नए ड्राफ्ट पर अंतिम फैसला लेगी। संसद में भी इसे 5 से 9 दिसंबर के बीच पेश किया जा सकता है।
  • वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) परिषद की 02 और 03 दिसंबर को होने वाली बैठक में रखे जाने वाले मॉडल जीएसटी कानून, आईजीएसटी कानून और क्षतिपूर्ति कानून के मसौदों को सार्वजिनक कर दिया गया है ताकि व्यापार, उद्योग और दूसरे हितधारक उसके बारे मंच जान सकें।
  • केन्द्रीय उत्पाद एवं सीमा शुल्क बोर्ड ने इन मसौदों को अपनी बेवसाइट के साथ ही राजस्व विभाग और जीएसटीडॉटजीओवीडॉटइन पर भी पोस्ट किया है। ड्राफ्ट मॉडल जीएसटी लॉ में करीब 200 सेक्श न हैं और आई.जी.एस.टी. लॉ में 30 सेक्शबन हैं। इसके अलावा, इसमें इंडस्ट्रीॉ की चिंताओं का भी ध्या्न रखा गया है। नए ड्रॉफ्ट में मुनाफाखोरी पर लगाम, गुड्स एंड सर्विसेज की परिभाषा, सप्लाई चैन की वैल्यूएशन जैसे जटिल मुद्दों को शामिल किया गया है।
  • एम. एम. कुट्टी दिल्ली के मुख्य सचिव नियुक्त:

  • वरिष्ठ आईएएस अधिकारी एम. एम. कुट्टी दिल्ली के नए मुख्य सचिव नियुक्त किये गए हैं। वह के. के. शर्मा का स्थान लेंगे, जिनका स्थानांतरण मानव संसाधन मंत्रालय में विशेष कार्य अधिकारी (ओएसडी) के रूप में किया गया है।
  • केंद्र ने कुट्टी को केंद्रीय डेप्युटेशन का समय पूरा होने के बाद अपने मूल कैडर, केन्द्रशासित प्रदेश कैडर में भेज दिया है।
  • आयुष-क्यूओएल-2सी :

  • केन्द्रीय आयुर्वेदीय विज्ञान अनुसंधान परिषद् (सीसीआरएएस) ने एक कोडित सूत्रीकरण आयुष-QOL -2 सी को कैंसर के रोगियों में केमो और रेडियोथेरेपी के दुष्प्रभाव को कम करने तथा रोगियों के जीवन की गुणवत्ता में सुधार करने के लिए विकसित किया है।
  • केंद्रीय होम्योपैथी अनुसंधान परिषद (सीसीआरएच) ने कीमोथेरेपी से साइड इफेक्ट होने वाले कैंसर के रोगियों में होम्योपैथिक दवा की उपयोगिता का आकलन करने के लिए अध्ययन शुरू किया है।
  • अग्नि-1 बैलिस्टिक मिसाइल का सफल परीक्षण :

  • भारत ने परमाणु आयुध ले जाने में सक्षम स्वदेश निर्मित बैलिस्टिक मिसाइल ‘अग्नि-1’ का सफलतापूर्वक प्रायोगिक परीक्षण किया। यह मिसाइल 700 किलोमीटर दूर स्थित लक्ष्य को भेद सकती है।
  • इस परीक्षण को ओडिशा के तट पर स्थित परीक्षण रेंज से अंजाम दिया गया। सतह से सतह पर मार सकने में सक्षम इस मिसाइल को अब्दुल कलाम आइलैंड (व्हीलर आइलैंड) की लॉन्च पैड से प्रक्षेपित किया गया।
  • इस परीक्षण से जुड़े पथ का निरीक्षण आधुनिक रडारों, टेलीमीट्री पर्यवेक्षण स्टेशनों, इलेक्ट्रो-ऑप्टिक यंत्रों और नौवहन पोतों की मदद से किया गया। यह निरीक्षण मिसाइल के प्रक्षेपण से लेकर उसके लक्ष्य तक पहुंच जाने तक सटीकता के साथ किया गया।
  • अग्नि-1 मिसाइल आधुनिक दिशासूचक प्रणाली से लैस है, जो यह सुनिश्चित करती है कि मिसाइल उच्चतम सटीकता के साथ लक्ष्य पर पहुंच जाए। मिसाइल का वजन 12 टन है और यह 15 मीटर लंबी है। इसे एक टन से ज्यादा का पेलोड ले जाने के लिए डिजाइन किया गया है। इसकी मारक क्षमता को पेलोड घटाकर बढ़ाया जा सकता ह।
  • ‘जुडिमा महोत्सव’

  • असम का हिल स्टेशन, हाफलोंग अगले महीने ‘जुडिमा महोत्सव’ की मेजबानी करेगा, जब पर्यटक ट्रेकिंग, हिकिंग, मछली पकड़ने जैसे साहसिक खेल आयोजित किये जायेंगे।
  • इस त्योहार का इस वर्ष का विषय संरक्षण, संवर्धन और जातीय संस्कृति, संगीत, नृत्य, शिल्प और राज्य के दीमा हसाओ जिले में रहने वाले दिमासा आदिवासियों के लोक-कला के पोषण पर केन्द्रित है यह महोत्सव 18 से 20 दिसंबर को आयोजित किया जाएगा।
  • राजस्थान सरकार ने अन्नपूर्णा रसोई योजना शुरू करने का फैसला किया:

  • राजस्थान सरकार ने गरीब और असहाय लोगों के लिए सस्ती व रियायती दरों पर भोजन और नाश्ता मुहैया कराने के लिए अन्नपूर्णा रसोई योजना शुरू करने का फैसला किया है।
  • सबके लिए भोजन, सबके लिए सम्मान मिशन के साथ यह योजना पहले चरण में प्रदेश के 12 शहरों में लागू होगी।
  • अन्नपूर्णा रसोई योजना में आम नागरिकों को गुणवत्ता का पौष्टिक और स्वच्छ भोजन मुहैया होगा। इस योजना में आमजन खासकर श्रमिक, रिक्शावाला, कर्मचारी, विद्यार्थी, कामकाजी महिलाओं, बुजूर्ग और असहाय लोगों को राहत मिलेगी।
  • योजना के तहत 5 रुपए प्रति प्लेट नाश्ता और 8 रुपए प्रति प्लेट दोनों समय का भोजन लोगों को उपलब्ध कराया जाएगा। राजधानी जयपुर के साथ ही संभागीय मुख्यालयों कोटा, जोधपुर, उदयपुर, बीकानेर, अजमेर और भरतपुर के अलावा प्रतापगढ, डूंगरपुर, बांसवाडा, बारां और झालावाड में इसकी शुरुआत होगी। सरकार ने आदिवासी जिलों को विशेष तौर पर इस योजना के पहले चरण में शामिल किया है।
  • पाक ने रूस को ग्वादर बंदरगाह इस्तेमाल की मंजूरी दी

  • पाकिस्तान ने निर्यात के लिए सामरिक महत्व के ग्वादर बंदरगाह का इस्तेमाल करने के लिए रूस के अनुरोध को मंजूरी दे दी है। शीत युद्ध के दौरान दशकों तक संबंधों में खटास के बाद द्विपक्षीय संबंधों में सुधार के संकेत मिल रहे हैं।
  • ईरान और तुर्कमेनिस्तान के बाद रूस ने भी व्यापार के लिए ग्वादर बंदरगाह का इस्तेमाल करने का फैसला किया है। रूस भी 46 अरब डॉलर के चीन पाकिस्तान आर्थिक गलियारे में शामिल होना चाहता है।
  • इसके अलावा रूस पाकिस्तान के साथ रणनीतिक रक्षा संबंधों को विकसित करने की आकांक्षा रखता है। तुर्कमेनिस्तान की दो दिवसीय यात्रा पर गए प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने कहा कि वह सीपीईसी में भागीदार बनने के रूस की रुचि का स्वागत करते हैं।
  • उत्कर्ष माइक्रो फाइनेंस को स्माल फाइनेंस बैंक के लिए अनुमति मिली:

  • वाराणसी स्थित लघु-वित्त संस्था, उत्कर्ष माइक्रो फाइनेंस को अंततः भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) द्वारा लघु वित्त बैंक (स्माल फाइनेंस बैंक – SFB) शुरू करने का लाइसेंस मिल गया है।
  • अक्टूबर 2015 में, उत्कर्ष माइक्रो फाइनेंस को RBI के दिशानिर्देशों के अनुसार “सैद्धांतिक” रूप से SFB स्थापित करने के लिए अनुमति मिली थी।
  • आशा राम सिहाग राष्ट्रीय रासायनिक हथियार संधि प्राधिकरण के अध्यक्ष नियुक्त:

  • मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति ने समन्वय एवं लोक शिकायत सचिव आशा राम सिहाग, आईएसएस को राष्ट्रीय रासायनिक हथियार संधि प्राधिकरण के अध्योक्ष पद का अतिरिक्त प्रभार सौंपने की मंजूरी दे दी है।
  • यह आदेश तत्काकल प्रभाव से अगला आदेश मिलने तक लागू रहेगा।
  • कर्नाटक ने गांवों के उद्यमियों के डिजिटल समावेश के लिए रूरल वाई-फाई प्रारम्भ किया:

  • आईटी में देश की अगुवाई करने वाले कर्नाटक राज्य की 11 ग्राम पंचायतें 28 नवम्बर 2016 को वाई-फाई सेवाओं से जुड़ गईं। मुख्यमंत्री सिद्धरामय्या ने 18 वें बेंगलूरु आईटीईडॉट बिज के उद्घाटन के अवसर पर ग्राम पंचायतों के लिए वाई-फाई सेवाएं लांच कर सुदूर ग्रामीण इलाकों को आईटी से जोड़ दिया।
  • राज्य सरकार का इरादा पूरे राज्य के सभी ग्राम पंचायतों को वाई-फाई सेवाओं से जोडऩे का है। सरकार राष्ट्रीय ऑप्टिक फाइबर का उपयोग करते हुए जल्दी से जल्दी पूरे राज्य के सभी ग्राम पंचायतों को वाई-फाई से जोड़ेगी।
  • जीन बीटा-क्लोथो अल्कोहल सेवन व्यवहार को विनियमित करता है:

  • एक अध्ययन के अनुसार, एक लिवर-ब्रेन एक्सिस शराब की खपत को विनियमित करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, जोकि शराब पीने की इच्छा में कमी लाने के लिए एक नए चिकित्सीय मार्ग को स्थापित करवा सकता है।
  • शराब पीना एक जटिल विशेषता है जोकि आंशिक रूप से विरासत में मिला होता है, इस जटिलता से कुछ जीन जुड़े होते हैं। शराब पीने वाले लोगों में जीन बीटा-क्लोथो के कई रूपांतर मिले हैं जिससे यह संभावना बढ़ जाती है कि यह जीन अल्कोहल सेवन व्यवहार को विनियमित करता होगा।
  • कोलंबिया सरकार और फार्क विद्रोहियों के बीच नया शांति समझौता:

  • कोलंबिया सरकार और FARC विद्रोहियों ने आधी सदी पुराने अपने संघर्ष को विराम लगाने के लिए विवादास्पद संशोधित शांति समझौते पर हस्ताक्षर किए जिसे कड़े विरोध के बावजूद अनुमोदन के लिए कांग्रेस के पास भेजा जाएगा।
  • राष्ट्रपति जुआन मैनुअल सांतोस और गुरिल्ला नेता रोड्रिगो टिमोचेंको लोंडोनो ने इस्तेमाल हो चुके कारतूस से बनी कलम से राजधानी बोगोटा में आयोजित एक सादे समारोह में नए समझौते पर हस्ताक्षर किए। मूल समझौते पर सितंबर में बहुत धूमधाम के बीच हस्ताक्षर किए गए थे जिसे पिछले महीने जनमत संग्रह में मतदाताओं ने आश्चर्यजनक रूप से खारिज कर दिया था। इसके बाद वार्ताकारों को समझौते के लिए फिर से शुरुआत करनी पड़ी थी।
  • विमान यात्रियों की सुविधा के लिये सरकार ने एयर सेवा पोर्टल की शुरुआत की:

  • सरकार ने विमान यात्रियों की सुविधाजनक और सुखद यात्रा के लिए एयर सेवा पोर्टल और मोबाइल एप्प की शुरुआत की है। इस एप्प के माध्यम से यात्री अपनी उड़ान की स्थिति और समय-सारणी के बारे में जानकारी हासिल कर सकते हैं।
  • नई दिल्ली में इस सुविधा का शुभारंभ करते हुए नागर विमानन मंत्री अशोक गजपति राजू ने बताया कि अगर एयरलाइन या हवाई अड्डे की सेवाओं में कोई कमी है तो यात्री इनके माध्यम से अपना फीडबैक और शिकायत पोस्ट कर सकेंगे।
  • कालेधन और भ्रष्टाचार की समाप्ति के लिये सरकार ने समिति बनायी:

  • काले धन और भ्रष्टाचार को समाप्त करने के उद्देश्य से सरकार ने एक समिति का गठन किया है। यह समिति सरकार और नागरिकों के बीच हर तरह के लेन-देन को पूरी तरह डिजिटल मंच पर ले जाने की दिशा में काम करेगी।
  • नीति आयोग के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमिताभ कांत की अध्यक्षता में यह समिति अर्थव्यवस्था के सभी क्षेत्रों में प्रयोक्ता अनुकूल भुगतान विकल्पों की पहचान कर जल्द से जल्द उनकी शुरूआत करेगी। यह समिति केन्द्रीय मंत्रालयों, राज्य सरकारों, जिला प्रशासन, स्थानीय निकायों और व्यापार तथा उद्योग संघों के साथ नियमित संपर्क में रहेगी।
  • चीन ने तियानलियान I-04 उपग्रह का प्रक्षेपण किया:

  • चीन ने सफलतापूर्वक दक्षिण पश्चिम चीन के सिचुआन प्रांत में जिचांग उपग्रह प्रक्षेपण केंद्र से तियानलियान I-04 उपग्रह का प्रक्षेपण किया है।
  • इस डेटा उपग्रह का एक लांग मार्च -3 सी वाहक रॉकेट से प्रक्षेपण किया गया था। तियानलियान I-04 के प्रक्षेपण ने चीन के लांग मार्च रॉकेट की श्रृंखला का 241 मिशन दर्ज किया।
  • तुर्की वर्ष 2017 में एनर्जी क्लब ऑफ़ शंघाई कोऑपरेशन आर्गेनाइजेशन की अध्यक्षता करेगा:

  • वर्ष 2017 में तुर्की एनर्जी क्लब ऑफ़ शंघाई कोऑपरेशन आर्गेनाइजेशन (एससीओ) के अध्यक्षता करेगा। यह पहली बार होगा जब कोई गैर एससीओ सदस्य देश इसकी अध्यक्षता करेगा।
  • एससीओ के मूल के सदस्यों के अलावा तुर्की, अफगानिस्तान, ईरान, मंगोलिया, बेलारूस और श्रीलंका एनर्जी क्लब ऑफ़ शंघाई कोऑपरेशन आर्गेनाइजेशन के सदस्य हैं।
  • 5वें इंटरनेशनल टूरिज्म मार्ट का इम्फाल, मणिपुर में उद्घाटन:

  • 5वें इंटरनेशनल टूरिज्म मार्ट (आईटीएम) का इम्फाल, मणिपुर में 24 नवम्बर 2016 को केंद्रीय पर्यटन सचिव विनोद जुत्शी की मौजूदगी में मणिपुर के मुख्यमंत्री ओकराम इबोबी सिंह द्वारा उद्घाटन किया गया।
  • आईटीएम पर्यटन मंत्रालय द्वारा पूर्वोत्तर राज्यों और पश्चिम बंगाल राज्य के सहयोग से आयोजित किया जाता है।
  • वैज्ञानिकों ने आकाशगंगा के धूमिल उपग्रह समूह को खोजा:

  • वैज्ञानिकों ने अंतरिक्ष में एक ड्वार्फ उपग्रह समूह की खोज की है। माना जा रहा है कि आकाशगंगा के प्रभामंडल में यह अभी तक का सबसे निस्तेज उपग्रह समूह है। इससे आकाशगंगा के निर्माण और इसमें डार्क मैटर की भूमिका का पता लगाने में मदद मिल सकती है। खोजे गए उपग्रह को कन्या (विर्गो) 1 नाम दिया गया है।
  • यह कन्या नक्षत्र की दिशा में है। इसकी खोज जापान के तोहोकु यूनिवर्सिटी के अंतरिक्ष वैज्ञानिकों ने की है। अभी तक मिले ड्वार्फ उपग्रह समूह में कन्या 1 सबसे क्षीण साबित हो सकता है। सूर्य से यह 280,000 प्रकाश वर्ष की दूरी पर स्थित है। इससे पहले हुए सर्वे में इतनी क्षीण चमक वाले समूह की पहचान नहीं की जा सकी थी।
  • खोज करने वाले वैज्ञानिकों का कहना है कि आकाशगंगा के प्रभामंडल में बड़ी संख्या में ड्वार्फ उपग्रह हैं। अभी तक आकाशगंगा में करीब 50 उपग्रह समूहों की पहचान की जा चुकी है। इनमें से करीब 40 उपग्रह समूह निस्तेज हैं और गोलाकार आकृति श्रेणी से संबंधित हैं।
  • भारत और स्विटजरलैंड ने दिल्ली में संयुक्तफ घोषणा पत्र पर हस्ताधक्षर किए:

  • भारत और स्विटजरलैंड के मध्य स्व्त: सूचना आदान-प्रदान (एईओआई) के क्रियान्व यन संबंधी संयुक्त् घोषणा पत्र पर हस्तालक्षर किए गए। संयुक्तब घोषणा पत्र पर भारत की ओर से प्रत्यकक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) के अध्यकक्ष सुशील चंद्रा और स्विटजरलैंड सरकार की ओर से भारत में स्विस दूतावास के डेप्यूबटी चीफ ऑफ मिशन गिल्स रोड्यूट ने सूचना के स्वटत: आदान – प्रदान (एईओआई) के हस्तांक्षर किए।
  • केंद्र सरकार ने मई 2016 में सूचनाओं के स्वत: आदान-प्रदान पर अध्यादेश लाने की योजना तैयार की थी। स्विस फेडरल काउंसिल ने कर मामलों में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सूचनाओं के स्वत: आदान-प्रदान (एईओआई अधिनियम) पर अध्यादेश हेतु उस समय सहमती व्यक्त की थी।
  • पालमपुर विधानसभा क्षेत्र देश का पहला ई-विधानसभा क्षेत्र बना:

  • हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले का पालमपुर विधानसभा क्षेत्र देश का पहला ई विधानसभा चुनाव क्षेत्र बन गया है।
  • हिमाचल प्रदेश विधान सभा देश की ऐसी पहली विधानसभा है, जिसने ई-विधान प्रणाली अपनाते हुए कागजी कामकाज समाप्त करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है।
  • व्यावसायिक सरोगेसी पर रोक लगाने वाला विधेयक

  • व्यावसायिक सरोगेसी (किराये की कोख) पर रोक लगाने की दिशा में 21 नवंबर 2016 ओ लोकसभा में एक विधेयक पेश किया गया जिसमें महिलाओं को उत्पीड़न से संरक्षण और सरोगेसी से जन्मे बच्चे के अधिकारों को सुनिश्चित करने के प्रावधान हैं। स्वास्थ्य मंत्री जे पी नड्डा ने सरोगेसी (विनियमन) विधेयक, 2016 को पेश किया।
  • संसद से विधेयक को मंजूरी मिलने के बाद व्यावसायिक सरोगेसी पर पूरी तरह रोक लग जाएगी लेकिन जरूरतमंद निसंतान दंपतियों के लिए कड़े नियमों के तहत सरोगेसी से बच्चे के जन्म की अनुमति होगी। विधेयक के तहत केवल भारतीय नागरिकों को ही सरोगेसी के तरीके का इस्तेमाल करने की इजाजत होगी। लेकिन विदेशियों, एनआरआई और पीआईओ को देश में सरोगेसी का लाभ उठाने की इजाजत नहीं होगी।
  • समलैंगिकों, अकेले माता-पिता और लिव-इन में रहने वाले जोड़ों को सरोगेसी का अधिकार नहीं होगा। पहले ही संतान रखने वाले दंपतियों को सरोगेसी का लाभ उठाने की इजाजत नहीं होगी। हालांकि वे एक अलग कानून के तहत बच्चे को गोद लेने के लिए स्वतंत्र होंगे। भारत में सरोगेसी को लेकर कोई कानून नहीं होने की वजह से विभिन्न देशों के दंपति यहां सरोगेसी से बच्चे की चाह में आते रहे हैं।

    Leave a Reply

    Your email address will not be published.


    *