डिजिटल लॉकर और डिजिटल भारत कार्यक्रम

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डिजिटल लॉकर और डिजिटल भारत कार्यक्रम

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डिजिटल लॉकर क्या है ?

डिजिटल लॉकर प्रत्येक आवेदक के आधार से जुड़ा हुआ 10MB का समर्पित व्यक्तिगत भंडारण स्पेस है, जहॉ सुरक्षित रूप से ई-दस्तावेजों एवं यूआरआई लिंक को संग्रहित एवं एक्सेस किया जा सके ताकि अनुरोधकर्ताओं के साथ सुरक्षित ई-दस्तावेजों की साझेदारी की जा सके|

डिजिटल लॉकर और डिजिटल भारत कार्यक्रम

डिजिटल लॉकर डिजिटल इंडिया प्रोग्राम का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इस वेब सेवा के जरिये आप जन्म प्रमाण पत्र, पासपोर्ट, शैक्षणिक प्रमाण पत्र जैसे अहम दस्तावेजों को ऑनलाइन स्टोर कर सकते हैं। यह सुविधा पाने के लिए आपके पास आधार कार्ड होना चाहिए। आधार का नंबर फीड कर आप डिजीटल लॉकर अकाउंट खोल सकते हैं। इस सर्विस की सबसे खास बात यह है कि आप कहीं भी अपने दस्तावेज में डिजिटल लिंक पेस्ट कर दीजिये, अब आपको बार-बार कागजों का प्रयोग नहीं करना होगा।
सरकार डिजिटल इंडिया मिशन के तहत सभी देशवासियों को डिजिटल लाकर उपलब्ध कराएगी जहां संबंधित व्यक्ति के सभी प्रमाण पत्र सुरक्षित रखे जाएंगे।
इस पोर्टल की मदद से ई-दस्तावेजों का आदान-प्रदान पंजीकृत कोष के माध्यम से किया जाएगा, जिससे ऑनलाइन दस्तावेजों की प्रामाणिकता सुनिश्चित होगी। आवेदक अपने इलेक्ट्रॉनिक दस्तावेजों को अपलोड कर सकते है और डिजिटल ई-साइन सुविधा का उपयोग कर उन पर हस्ताक्षर कर सकते हैं। इन डिजिटली हस्ताक्षरित दस्तावेजों को सरकारी संगठनों या अन्य संस्थाओं के साथ साझा किया जा सकता है।

डिजिटल लॉकर प्रणाली के उद्देश्य
• क्लाउड पर डिजिटल लॉकर प्रदान करने के द्वारा आवेदक का डिजिटल सशक्तिकरण
• दस्तावेजों को ई-हस्ताक्षर सक्षम बनाकर उन्हें इलेक्ट्रॉनिक एवं ऑनलाइन उपलब्ध बनाना जिससे भौतिक दस्तावेजों का उपयोग कम से कम हो
• ई दस्तावेजों की प्रामाणिकता सुनिश्चित करके फर्जी दस्तावेजों के उपयोग को खत्म करना
• वेब पोर्टल एवं मोबाइल अनुप्रयोग के माध्यम से नागरिकों को सरकार द्वारा जारी किए गए दस्तावेजों का सुरक्षित अभिगम प्रदान करना
• सरकारी विभागों और एजेंसियों के प्रशासकीय उपरिव्यय को कम करना एवं नागरिकों के लिये सेवा प्राप्त करना आसान बनाना
• नागरिकों हेतु दस्तावेजों के कभी भी- कहीं भी पहुंच प्रदान करना
• ओपन और इंटरऑपरेबल मानकों पर आधारित संरचना प्रदान करना जिससे अच्छी तरह से संरचित मानक दस्तावेज़ के माध्यम से विभागों और एजेंसियों के बीच दस्तावेजों को आसानी से साझा किया जा सके
• आवेदक के आंकड़ों लिए गोपनीयता और अधिकृत पहुँच सुनिश्चित करना|

डिजिटल लॉकर प्रणाली के घटक

रिपोजिटरी ई

रिपोजिटरी ई दस्तावेजों का संग्रह है जो जारीकर्ता द्वारा एक मानक प्रारूप में अपलोड की गई और मानक एपीआई के द्वारा सुरक्षित तरीके से वास्तविक समय में खोज और उपयोग के लिये उपलब्ध है।

एक्सेस गेटवे

एक्सेस गेटवे एक सुरक्षित ऑनलाइन तंत्र है जिससे अनुरोधकर्ता वास्तविक समय में यूआरआई (यूनिफ़ॉर्म रिसोर्स संकेतक) का उपयोग करके प्राप्त कर सकते हैं। यूआरआई एक कोष में जारीकर्ता द्वारा अपलोड की गई ई-दस्तावेज़ के लिए एक कड़ी है। यूआरआई के आधार पर गेटवे कोष का पता पहचान करेगा और उस कोष से ई-दस्तावेज को प्रस्तुत करेगा।

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